जल एवं पर्यावरण संरक्षण के साथ शिक्षा व स्वास्थ्य के क्षेत्र में सीएसआर के माध्यम से आमजन के जीवन को बेहतर करने की दिशा में काम करें- जिला कलक्टर
कोटपूतली-बहरोड़, 22 जुलाई। जिला कलेक्टर प्रियंका गोस्वामी की अध्यक्षता में बुधवार को कॉरपोरेट सामाजिक दायित्व (सीएसआर) के प्रावधानों को समुचित रूप से क्रियान्वित करने, इसमें समन्वय कर समुचित सहयोग प्राप्त करने, विभिन्न औद्योगिक समूहों से समन्वय स्थापित कर उनसे आवश्यक सुझाव प्राप्त करने हेतु जिला स्तर पर गठित जिला स्तरीय सीएसआर समन्वय समिति (स्थाई समिति) की बैठक का आयोजन कलेक्ट्रेट सभागार में किया गया।
जिला कलेक्टर ने जिले में विभिन्न कंपनियों द्वारा सीएसआर के प्रावधानों को समुचित रूप से क्रियान्वित करने, गत वित्तीय वर्ष में किए गए व्यय एवं कार्यों, जिले में प्राथमिकता के आधार पर किए जाने वाले कार्यों, सीएसआर कंपनियों एवं प्रमुख विभागों से सीएसआर के तहत प्रस्तावित कार्यों पर परिचर्चा कर आवश्यक निर्देश प्रदान किये।
जिला कलेक्टर ने सीएसआर के माध्यम से किए जा रहे सामाजिक कार्यों पर विस्तार से चर्चा कर शिक्षा, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य, कौशल विकास, पर्यावरण संरक्षण तथा वंचित वर्गों के सामाजिक कल्याण के दिशा में प्राथमिकता से कार्य करने को कहा. उन्होंने कहा कि कंपनियां जिला प्रशासन से समन्वय रखते हुए भविष्य की कार्य योजना बनाएं एवं निवेश के क्षेत्रों का चयन करें. सीएसआर के कार्यों का लाभ जरूरतमंद तक वास्तविक रूप में पहुंचे ये सुनिश्चित किया जाए, समयबद्ध कार्यवाही हो, किए गए कार्यों की रिपोर्ट प्रस्तुत करें।
पर्यावरण व जल संरक्षण में बने भागीदार
जिला कलेक्टर ने कंपनी प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य सरकार के निर्देशानुसार जिले में हरियालो राजस्थान के तहत वृक्षारोपण अभियान का संचालन किया जा रहा है जिसमें जिले कि कम्पनियां सीएसआर के माध्यम से अधिकरियों से समन्वय करते हुए इस दिशा में विविध कार्य कर सकते हैं. उन्होंने कहा कि इसके तहत सड़क किनारे या चिन्हित स्थानों पर वृहद स्तर पर वृक्षारोपण एवं उनकी देखभाल व जल संकट वाले स्थानों पर रिचार्ज सॉफ्ट, तालाब व जोहड़, पौंड, एनिकट, जल स्रोत निर्माण, CSR फंड कलेक्शन, सरकारी इनपुट पर निवेश करने सहित विभिन्न कार्य करवाएं जा सकते हैं जिससे की पर्यावरण संतुलन व भू- जल स्तर में वृद्धि हेतु प्रयासों में सहयोग प्राप्त हो सकेगा।
आंगनबाड़ी में लगेंगे गुणकारी सहजन के पौधे
जिला कलेक्टर ने कहा कि आईसीडीएस विभाग से समन्वय करते हुए जिले कि 1225 आंगनबाड़ी केंद्रों पर मोरिंगा ( सहजन) के गुणकारी पौधे लगाने हेतु कंपनियां सीएसआर के माध्यम से कार्य करें जिससे कि पर्यावरण संतुलन में तो सहयोग मिलेगा ही साथ ही सहजन के गुणकारी तत्वों का उपयोग बेहतर स्वास्थ्य प्राप्त करने में भी किया जा सकेगा।
बेहतर स्वास्थ्य के लिए चिकित्सक उपकरण उपलब्ध कराएं
जिला कलेक्टर ने कहा कि क्षेत्रवासियों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने की राज्य सरकार की मंशा में भागीदार बन कंपनियां चिकित्सा केंद्रों पर विभिन्न आवश्यक चिकित्सक उपकरण एवं निक्षय पोषण किट उपलब्ध कराने में सहयोग करे. साथ ही आंगनबाडियों व शिक्षा संस्थाओं में आधारभूत सुविधाओं की पूर्ति करते हुए मॉडर्न संस्थान तैयार करने में सहयोग करें. उन्होंने कहा कि संबंधित कम्पनियों द्वारा जिले में किए जाने वाले कार्यों की कार्य योजना बनाकर भिजवाएं.
बैठक में अतिरिक्त जिला कलेक्टर ओमप्रकाश सहारण ने कहा कि कंपनी प्रतिनिधि सीएसआर की कार्ययोजना बनाकर 7 दिवस के भीतर प्रशासन को भिजवाएं एवं समन्वय से कार्य करते हुए रिमोट एरिया, आशान्वित ब्लॉक, आकांक्षी ब्लॉक, पिछड़े क्षेत्रों के उत्थान में सहायक बने.
इस दौरान जिले में कार्यरत कपनियों के प्रतिनिधियों में इंसेक्टियड्स इंडिया प्राइवेट लिमिटेड से रामू चौधरी, टोयोटा गोसई से जेपी तंवर, अल्ट्रा टेक सीमेंट से हिमांशु कुलश्रेष्ठ व विजय सिंह यादव, धानुका से नवीन कुमार एवं अन्य कंपनियों से प्रतिनिधि मौजूद रहे.
इस दौरान एसीईओ जिला परिषद महेंद्र सैनी, आयुक्त नगर परिषद धर्मपाल जाट, महा प्रबंधक जिला उद्योग एवं वाणिज्य केंद्र भिवाड़ी सतजित खोरिया, महाप्रबंधक जयपुर ग्रामीण सुभाष शर्मा, आरएम रीको राहुल कुमार भट्ट, रीको घिलोट से आरएम एस आई हसन, सीएमएचओ डॉ. आशीष सिंह शेखावत, उप निदेशक आईसीडीएस सतपाल यादव सहित संबंधित अधिकारी मौजूद रहे.
Comments
Post a Comment