माटीकला कामगारों/दस्तकारों हेतु माटीकला कौशल विकास एवं जागरूकता शिविर आयोजित।

कोटपूतली-बहरोड़,12 सितंबर। श्रीयादे माटीकला बोर्ड, राजस्थान सरकार द्वारा माटीकला कामगारों/दस्तकारों हेतु माटीकला कौशल विकास एवं जागरूकता शिविर का आयोजन शुक्रवार को बोर्ड के अध्यक्ष प्रहलाद राय टाक के मुख्य आतिथ्य में श्री लालचंद मोरीजावाला ट्रस्ट धर्मशाला, कोटपूतली में आयोजित किया गया।
 टाक ने अपने उद्बोधन में कहा कि मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राजस्थान सरकार एक समावेशी और संवेदनशील सरकार के लक्ष्य की ओर बढ़ रही है। राज्य सरकार का उद्देश्य है कि प्रत्येक व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचे और पारंपरिक कला एवं शिल्प को प्रोत्साहन मिले। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि हर बजट घोषणा का धरातल पर समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित हो।

मुख्यमंत्री ने माटीकला कामगारों के हितों का रखा ध्यान: टाक

उन्होंने कहा कि माटीकला बोर्ड के हितों को बजट में विशेष महत्व देते हुए नि:शुल्क मशीन वितरण की घोषणा की गई है। पहले यह संख्या एक हजार थी, जिसे अब बढ़ाकर 2 हजार कर दिया गया है। इन मशीनों का वितरण शत-प्रतिशत सब्सिडी पर किया जा रहा है ताकि दस्तकारों के कार्य में गति आए और वे आत्मनिर्भर बन सकें।

 टाक ने कहा कि माटीकला केवल आजीविका का साधन नहीं बल्कि यह हमारी सांस्कृतिक पहचान है। उन्होंने ब्लू पॉटरी, पोकरण पॉटरी और मोलेला टेराकोटा जैसी कलाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि इन पारंपरिक कलाओं को नवाचारों के साथ जोड़कर राज्य स्तर तक पहुँचाया जा सकता है।

उन्होंने कामगारों से अपील की कि वे पात्रता अनुसार मुख्यमंत्री विश्वकर्मा योजना के अंतर्गत आवेदन करें और आर्टिजन कार्ड अवश्य बनवाएं ताकि लाभ उन्हें मिल सके। उन्होंने कहा कि सरकार ने कुम्हार कार्य हेतु मिट्टी को रॉयल्टी मुक्त किया है, तहसीलदार या पटवारी से संपर्क कर अनुमति प्रदान करें. मिट्टी की कलाकृतियों के लिए आयोजित प्रशिक्षणों में भाग लेकर अपनी कला को निखारे. 

जनसंवाद और जमीनी क्रियान्वयन है राज्य सरकार की प्राथमिकता

 टाक ने कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा जनसंवाद और जमीनी क्रियान्वयन में विश्वास रखते हैं। वे चाहते है जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी स्वयं ग्रामीण क्षेत्रों में जाकर जनसमस्याएं सुने। उन्होंने  उनके नेतृत्व में राजस्थान सरकार एक जनकल्याणकारी और नवाचारों पर आधारित प्रशासन की मिसाल बन रही है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने भी मिट्टी के बर्तन, दिए और अन्य कलाकृतियों को अपनाने के लिए आव्हान किया है।

लॉटरी से वितरित किए विद्युत चाक

कार्यक्रम के दौरान टाक के निर्देशन में लॉटरी सिस्टम के माध्यम से पारदर्शिता रखते हुए प्राप्त कुल 406 आवेदनों में से प्रत्यके विधानसभावार 10-10 लॉटरी निकाली एवं दिव्यांगो और विधवा महिलाओं को अतिरिक्त चाक प्रदान करने की प्रक्रिया पूर्ण की गई. उन्होंने कहा कि जिनका नंबर लॉटरी में नहीं आया वो निराश नहीं हो, जल्द ही चाक सबको प्राप्त होंगे. उन्होंने शिक्षा पर जोर देते हुए कहा कि बच्चे उच्च शिक्षा प्राप्त कर उच्च पदों पर पहुंचे और राष्ट्र का नाम रोशन करें. साथ ही राजकीय योजनाओं के बारे में आमजन को राजकीय योजनाओं के प्रति जागरूक करें.

इस दौरान रिटायर्ड आरएएस बीएल बासनीवाल, महासचिव श्रीयादे विकास समिति महावीर प्रजापति, प्रवीण बंसल, पूरणमल कुम्हार, गुलाब चंद प्रजापत, टिंकू प्रजापत और बस्ती राम प्रजापत सहित आमजन उपस्थित रहे।

---0000---

Comments

Popular posts from this blog

प्यार, जासूसी और धोखा का परिणाम है लव जिहाद, जानिए कैसे फंसी इस जाल में ज्योति मल्होत्रा और उससे पहले IFS ऑफिसर माधुरी गुप्ता...?

बहरोड़ SDM के रीडर को 70 हजार की रिश्वत लेते ACB ने रंगे हाथों किया गिरफ्तार, SDM रामकिशोर मीणा के लिए ली थी राशि।

ऊँटोली के द्वादश ज्योतिर्लिंग मंदिर में नींव करौरी बाबा के मंदिर का मनाया स्थापना दिवस, अर्पण सेवा फाउंडेशन बहरोड द्वारा मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं व ग्रामवासियों के लिए बैठने के लिए भेंट की 10 सीमेंटेड चेयर।